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उत्तर प्रदेश: परिषदीय विद्यालय रसोइयों ने वेतन वृद्धि की मांग को लेकर की गई बैठक
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संक्षेप
उत्तर प्रदेश: परिषदीय विद्यालयों की रसोइयों ने बुधवार को सैदपुर नगर स्थित खंड शिक्षा कार्यालय के सभागार में बैठक की।
विस्तार
उत्तर प्रदेश: परिषदीय विद्यालयों की रसोइयों ने बुधवार को सैदपुर नगर स्थित खंड शिक्षा कार्यालय के सभागार में बैठक की। इस दौरान उन्होंने अपनी विभिन्न समस्याओं को रखा, जिसमें मुख्य रूप से वेतन वृद्धि की मांग शामिल थी। अखिल भारतीय मध्यान भोजन रसोईया महासंघ के नेतृत्व में यह बैठक आयोजित की गई। रसोइयों ने बताया कि उन्हें सरकार द्वारा प्रतिमाह मात्र 2,000 रुपये का वेतन दिया जा रहा है। उनका कहना है कि इस अल्प वेतन में बच्चों का भरण-पोषण, दवा-इलाज और परिवार चलाना अत्यंत कठिन हो गया है। उन्होंने आरोप लगाया कि वे कई बार सरकार के सामने अपनी समस्याओं को रख चुकी हैं, लेकिन अभी तक उनकी मांगों को गंभीरता से नहीं लिया गया है। रसोइयों ने चेतावनी दी कि यदि उनकी वेतन वृद्धि नहीं की गई, तो वे धरना प्रदर्शन करने के लिए विवश होंगी। बैठक की अध्यक्षता कर रहे संगठन के प्रदेश संरक्षक सुरेंद्रनाथ गौतम ने कहा कि सरकार रसोइयों के साथ सौतेला व्यवहार कर रही है। उन्होंने बताया कि आज की महंगाई में रसोइयों से मात्र 66 रुपये प्रतिदिन में काम कराया जा रहा है। इसके अतिरिक्त, छात्र संख्या कम होने पर रसोइयों को आए दिन विद्यालय से हटा दिया जाता है, जो न्यायसंगत नहीं है। बैठक में सर्वसम्मति से मांगों के समर्थन में मुख्यमंत्री को एक अपील पत्र भेजने का निर्णय लिया गया। यह भी तय किया गया कि यदि उनकी मांगें पूरी नहीं होती हैं, तो जिला मुख्यालय गाजीपुर और प्रदेश मुख्यालय लखनऊ में धरना प्रदर्शन किया जाएगा। इस बैठक में संगठन की प्रदेश महामंत्री संगीता यादव सहित मीना, सीमा, रागनी, अनीता, वैजयंती और सुभाष समेत कई अन्य रसोइया उपस्थित रहीं।
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